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Vaishvik Taap Global Warming Prashnottari by Sudarshan Bhatiya (Hardcover)


वैश्विक ताप अर्थात ग्लोबल वार्मिग आज मानव सभ्यता के सामने खड़ी सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक है। पृथ्वी का बढ़ता तापमान, बदलता मौसम, पिघलते हिमनद, समुद्र के बढ़ते जलस्तर, जंगलों की आग, सूखा, बाढ़ और जैव विविधता का संकट मानव जीवन तथा प्रकृति दोनों को प्रभावित कर रहे हैं।

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वैश्विक ताप अर्थात ग्लोबल वार्मिग आज मानव सभ्यता के सामने खड़ी सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक है। पृथ्वी का बढ़ता तापमान, बदलता मौसम, पिघलते हिमनद, समुद्र के बढ़ते जलस्तर, जंगलों की आग, सूखा, बाढ़ और जैव विविधता का संकट मानव जीवन तथा प्रकृति दोनों को प्रभावित कर रहे हैं। वैश्विक ताप : ग्लोबल वार्मिग प्रश्नोत्तरी एक रोचक, ज्ञानवर्धक और तथ्यपरक पुस्तक है, जिसमें प्रश्नोत्तर शैली के माध्यम से ग्लोबल वार्मिग के विभिन्न पहलुओं को सरल और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया है। पुस्तक में जलवायु परिवर्तन के कारणों, प्रभावों, वैज्ञानिक तथ्यों, अंतराष्ट्रीय प्रयासों, पर्यावरण संरक्षण उपायों तथा भविष्य की चुनौतियों से संबंधित महत्वपूर्ण प्रश्नों और उनके उत्तरों का समावेश किया गया है। यह पुस्तक विद्यार्थियों, प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यार्थियों, शिक्षकों, पर्यावरण प्रेमियों तथा सामान्य पाठकों के लिए समान रूप से उपयोगी है। सरल भाषा और व्यवस्थित प्रस्तुति के कारण पाठक न केवल विषय को समझ पाएंगे बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक भी बनेंगे। पुस्तक का उड्रेश्य केवल जानकारी प्रदान करना नहीं है, बल्कि पाठकों में पृथ्वी के प्रति जिम्मेदारी और पर्यावरण संरक्षण की भावना विकसित करना भी है। वर्तमान समय में जब जलवायु परिवर्तन वैश्विक चिंता का विषय बन चुका है, यह पुस्तक एक महत्वपूर्ण संदर्भ सामग्री के रूप में उपयोगी सिद्ध होगी।

Weight 0.241 kg
Dimensions 22.5 × 14.5 × 1.2 cm

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